रायपुर, 24 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ सरकार ने तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए धमतरी जिले के 23,723 संग्राहक परिवारों के लिए 3.92 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन बोनस स्वीकृत किया है. बोनस की राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जा रही है.
वन विभाग के अनुसार, 20 जुलाई 2026 तक 3.84 करोड़ रुपये सीधे संग्राहकों के खातों में हस्तांतरित किए जा चुके हैं, जबकि शेष पात्र हितग्राहियों को भी जल्द भुगतान किया जाएगा. राज्य सरकार ने वर्ष 2026 के लिए तेंदूपत्ता संग्रहण दर बढ़ाकर 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा कर दी है, जिससे संग्राहकों की आय में बढ़ोतरी हुई है.
धमतरी जिले में इस वर्ष 26,800 मानक बोरा संग्रहण का लक्ष्य रखा गया था, जिसके विरुद्ध 26,550 संग्राहकों ने 23,751 मानक बोरा तेंदूपत्ता संग्रहित किया. इसके बदले उन्हें 13.07 करोड़ रुपये से अधिक का पारिश्रमिक दिया जा चुका है.
सरकार तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए बोनस के साथ-साथ चरण पादुका वितरण, सामाजिक सुरक्षा योजनाएं, छात्रवृत्ति, वनधन विकास केंद्र और पीएम जनमन योजना के माध्यम से भी सहायता उपलब्ध करा रही है. शैक्षणिक वर्ष 2024-25 में संग्राहक परिवारों के 347 छात्र-छात्राओं को 39.13 लाख रुपये की छात्रवृत्ति दी गई, जबकि कमार जनजाति के लिए वनधन विकास केंद्र के जरिए स्वरोजगार को भी बढ़ावा दिया जा रहा है.
